चींटी को आटा डालते बाबा के चेहरे की ख़ुशी
भूखों को खाना खिलाने की ख़ुशी
ख़ुशी से रूबरू होते गमों की बेरूखी
छप्पर से झांकती कतरा कतरा धूप सी ख़ुशी
मयकशीं आँखों को देख खाली प्यालों की ख़ुशी
जाम के फिर भर के छलक जाने की ख़ुशी
बिटिया की मांग में दमकती सिंदूरी ख़ुशी
हाथ में मेहंदी रच जाने की ख़ुशी
दाने चुग कर चहचहाती चिड़ियों की ख़ुशी
किसी के लौट आने की ख़ुशी
अंधेरे की रोशनी से हारने की ख़ुशी
अंधेरों में खुश्बू की क़ियादत की ख़ुशी
नज़रों से हुई इबादत की ख़ुशी
नज़रों को पढ़ मुस्कुराते लबों की ख़ुशी
तुमसे मिली हुई सारे ग़मों की ख़ुशी
रास्ता है सफर ज़िन्दगी हर ख़ुशी
शाम को समोसे के साथ चाय की ख़ुशी
पाकिस्तान से मिली जीत की ख़ुशी
थोड़े से प्यार और ज़्यादा सी मोहब्बत की ख़ुशी
सबको खुश देख कर खुश होने की ख़ुशी
दोस्तों की ख़ुशी अपनी ख़ुशी
इसी ख़ुशी में छुपी है सबकी ख़ुशी
श्वेत श्याम से रंगीन होती ख़ुशी
खुशी के बीज छिड़क,खुशी बोने की ख़ुशी...
(सह-भागिता - आनंद खत्री, अनिता शर्मा, राजेश सिक्का, विकास त्रिपाठी, फ़र्रुख नदीम,मो.शब्बीर)
20/03/16

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